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Monthly Archives: July 2010

पलट गया पुल

शिमला. भारत—तिब्ब्त मार्ग के वैकल्पिक रूट बसंतपुर—किंगल मार्ग पर नौटी खड्ड पर आठ माह पहने तीन करोड़ की लागत से बना सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) का पुल बुधवार रात को सीमेंट से लदे चार ट्रकों की बजह से ढह गया। चारों ट्रक खड्ड में जा गिरे जिससे ट्रक में सवार एक व्यक्ति की मौत हो गई और दो लोग घायल हो गए। घायलों में से एक को शिमला के आईजीएमसी अस्पताल रेफर किया गया है जबकि एक का उपचार सुन्नी अस्पताल में चल रहा है।

भारी वजन से हुआ हादसा

ट्रकों में कुल आठ लोग सवार थे। शेष को चोटें नहीं आई हैं। जिला प्रशासन के अनुसार ये लोग हादसे के वक्तट्रकों में सवार नहीं थे। ये ट्रक पुल पर ही खड़े कर के ढाबे में खाना खाने गए थे। उधर, सेना के दीपक प्रोजेक्ट के अधिकारियों ने हादसे के जांच के आदेश दे दिए हैं। सेना के दीपक परियोजना के एसई राजेश पठानिया ने बताया कि रात को नौटी खड्ड पर बने पुल पर एक साथ चार ट्रक खड़े हो गए।

हर ट्रक में 15 से 17 टन सीमेंट लदा हुआ था। ये ट्रक गंतव्य स्थल से विपरीत दिशा में खड़े थे जबकि ये नालागढ़ से कड़छम जा रहे थे। ट्रकों के भारी वजन की वजह से पुल का सुपरस्ट्रक्चर स्लैब पलट गया। इससे ट्रक पानी में डूब गए। पुलिस रात को ही मौके पर पहुंची। जांच अधिकारी जय सिंह ने बताया कि पुल पलटने के पीछे तकनीकी खामियां भी कारण हो सकती है। शव को वीरवार को दोपहर बाद खड्ड से क्रेन की सहायता से बाहर निकाला जा सका। शव ट्रक के बीच फंसा हुआ था। मृतक प्रेम कुमार सौर रामशहर का रहने वाला था। उसकी उम्र 25 साल थी।

डीजी बीआर के इंजीनियर करेंगे हादसे की जांच

बॉडर रोड के महानिदेशक मुख्यालय (डीजीबीआर) दिल्ली के इंजीनियर नोटी खड्ड पर पलटे पुल की तकनीकी पहलूओं की जांच करेंगे। पुल का सुपरस्ट्रक्चर पलटने को सेना के अधिकारी अजूबा करार दे रहे हैं। उधर, अब सेना, वेली बृज का निर्माण करेगी। इसकी पुष्टि दीपक परियोजना के एसई राजेश अग्रवाल ने की है। उनका कहना है कि पलटे पुल का वजन अधिक होने की वजह से इसे दोबारा उसी स्थिति में लाना शायद संभव नहीं होगा। लेकिन फिर भी तकनीकी विशेषज्ञ ही इस बारे में बेहतर बता सकेंगे। उनका कहना है कि वेली बृज का निर्माण अगले सप्ताह से शुरू हो जाएगा।

दीपक परियोजना में कार्यरत अधिकारियों के अनुसार यह ढांचा टूटा नहीं है, केवल पलटा है। ऐसा दुर्लभ ही देखने को मिलता है, तब हादसा होते वक्त पुल पानी में पलटा हो, लेकिन दरारें नहीं आई हो। यह पुल करीब तीन करोड़ की लागत से बीआरओ ने बीते नवंबर माह में ही निर्मित किया था। पुल की चौड़ाई 45 मीटर और पानी के स्तर से ऊंचाई 20 मीटर थी। लेकिन यह पुल चार ट्रकों का भार भी सहन नहीं कर पाया।

नोटी खड्ड पर पुल बीआरओ ने बनाया है। वह इंक्वायरी भी करेंगे। प्रशासन की भूमिका बचाव और राहत कार्य की थी, जिसे बखूबी निभाया गया। पुल के निर्माण में घटिया सामग्री लगाई गई या नहीं यह सेना के विशेषज्ञ ही बता सकते हैं।लायक राम नेगी, एसडीएम, शिमला(ग्रामीण)

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12 वर्षीय बच्ची के साथ दुराचार

कुल्लू. गड़सा घाटी के 12 वर्षीय बच्ची के साथ दुराचार का मामला सामने आया है। पुलिस के अनुसार बच्ची मां के साथ शादी समारोह में गई थी। समारोह में वह भटक गई। उसी गांव के कालू राम ने अंधेरे का फायदा उठाते हुए बच्ची के साथ दुराचार किया।

जब बच्ची चीखने-चिल्लाने लगी तो उसने हाथों से उसका मुंह दबा दिया। जब काफी देर तक बेटी नहीं दिखी तो मां ने उसकी तलाश शुरू की। उसे शौचालय में बेहोश पाया। एसपी ने बताया कि आरोपी को जल्द पकड़ लिया जाएगा।

शांता कुमार हैं मेरे आदर्श: हिमांशु

धर्मशाला. भाजपा राष्ट्रीय उपाध्यक्ष शांता कुमार ने जिला कांगड़ा में भाजपा को सशक्त बनाया है। जिला कांगड़ा भाजयुमो के नवनियुक्त अध्यक्ष हिमांशु मिश्रा ने कहा कि शांता कुमार मेरे आदर्श हैं। जिले में भाजयुमो को संघर्ष, सेवा और बलिदान के नारे के साथ आगे बढ़ाया जाएगा। मिश्रा ने कहा कि भाजपा प्रदेशाध्यक्ष और महामंत्री विपन परमार ने संगठन में जो मुझे जिम्मेवारी सौंपी है उस पर खरा उतरना मेरी प्राथमिकता होगी।

भाजयुमो राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुराग ठाकुर की टीम में कार्य करना मेरे लिए गर्व की बात है, इससे संगठन के प्रति जिम्मेवारी का एहसास होगा। जिले में भाजयुमो तीन मुख्य बिंदुओं पर कार्य करेगी, युवाओं को संगठन से जोड़ना, प्रदेश सरकार की जनहितैषी नीतियों को जन-जन तक पहुंचाना,महंगाई और बेरोजगारी के लिए केंद्र सरकार के खिलाफ आंदोलन शुरू करना है। संगठन की रचनात्मक गतिविधियों को बढ़ावा दिया जाएगा तथा प्रकलप, रक्तान, अरोग्य और अंतोदय पर विशेष रूप से कार्य किया जाएगा।

केंद्र सरकार के खिलाफ जन आंदोलन चलाएगी भाजयुमो

हिमांशु मिश्रा ने कहा कि भाजयुमो केंद्र सरकार के खिलाफ जन आंदोलन खड़ा करेगी। केंद्र की ओर से हिमाचल से भेदभाव, बढ़ती महंगाई के खिलाफ आंदोलन छेड़ा जाएगा, वहीं प्रदेश कांग्रेस नेताओं द्वारा जिला कांगड़ा को तोड़ने के षड्यंत्रों का पर्दाफाश किया जाएगा।

दहशत में गुजरी मंडीवासियों की रात

मंडी. मंडी वासियों को बुधवार की रात दहशत में गुजारनी पड़ी। रात 11 बजे के बाद शहर में मूसलाघार बारिश से गलियों व सड़कों ने नदी-नालों का रूप ले लिया। लोगों के घरों व दुकानों में पानी घुस गया। कई घरों में पानी से तालाब बन गए। तीन घंटे कड़कड़ाती बिजली के साथ मेघ बरसने से लोगों की नींद हराम हो गई। शहर के रामनगर निवासी भगवंत सिंह, दुकानदार सुखप्रीत की दुकान में पानी घुस गया, उन्हें रात को बाल्टी लेकर इसे बाहर निकालना पड़ा।

दुकानदार मोहन की दुकान में भी पानी घुस गया। शंकुतला देवी के मकान में गाद से भर गई। इलाके के विनोद कुमार के घर के साथ भूस्खलन होने के कारण मकान को खतरा हो गया है। उनके परिवार को पूरी रात बाहर गुजारनी पड़ी।

शहर के पैलेस कॉलोनी निवासी तारा देवी का मकान गाद से भर गया। शहर के टारना में हरभजन सिंह के पूरे मकान में ही गाद भर गई। वीरवार सुबह सदर के विधायक अनिल शर्मा ने क्षेत्र का दौरा कर प्रभावित परिवार से बातचीत की। उनके साथ पार्षद तोष कुमार भी थे। पैलेस कॉलोनी में भी कई घरों में गाद व पानी घुस गया। स्थानीय लोगों ने वीरवार दोपहर बाद तक मजदूर लगाकर पूरी गाद निकाली। नायब तहसीलदार ने रात को ही प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया।

बारिश से हुए नुकसान का आकलन करने के लिए पटवारी को भेजा गया है। इसके अलावा रात को ही नायब तहसीलदार को मौके पर रवाना किया गया। जैसे ही पटवारी रिपोर्ट देगा तो उसके आधार पर प्रभावितों को राहत प्रदान की जाएगी।
विनय कुमार, एसडीएम सदर।

नौणी यूनिवर्सिटी में लगेगा बायोमीट्रिक सिस्टम

सोलन. डॉ. यशवंत सिंह परमार बागवानी एवं वानिकी यूनिवर्सिटी नौणी में लेटलतीफों और जल्दी ऑफिस छोड़ने वाले कर्मचारियों पर जल्द ही शिकंजा कसेगा। यूनिवर्सिटी प्रशासन ने प्रदेश सचिवालय की तर्ज पर कार्यालयों में कर्मचारियों के आने-जाने पर नजर रखने के लिए बायो मीट्रिक सिस्टम लगाने की योजना बनाई है।

एक हजार से ज्यादा कर्मचारी

नौणी यूनिवर्सिटी में एक हजार से ज्यादा कर्मचारी व टीचिंग स्टॉफ काम करता है। इन पर नजर रखना आसान नहीं है। समय सारिणी पर कोई चैक न होने के कारण कई कर्मचारी देर से कार्यालय पहुंचते हैं और शाम को भी समय से पहले ही ऑफिस से निकल जाते हैं। इससे कार्यालय का काम प्रभावित होता है। यूनिवर्सिटी में कई विंग होने के चलते सभी कर्मचारियों को चैक करना संभव नहीं है। इस समस्या से निजात पाने के लिए यूनिवर्सिटी प्रशासन ने हाजिरी के लिए बायोमीट्रिक सिस्टम लगाने की योजना बनाई है।

बतानी होगी पहचान

इस सिस्टम पर अपनी हाजिरी दर्शाने के लिए सुबह ऑफिस पहुंचने पर कर्मचारी को निर्धारित पहचान बतानी होगी। पहचान मिलने पर कर्मचारी का नाम सामने आ जाएगा और वह उसकी हाजिरी समय के साथ लग जाएगी। इसी तरह कार्यालय छोड़ने पर भी कर्मचारी को सिस्टम पर अपनी उपस्थिति दर्ज करवानी होगी। सिस्टम में सभी कर्मचारियों की हाजिरी समय के साथ दर्ज हो जाएगी और अधिकारी कभी भी इसे चैक कर सकता है।

साथ ही प्रशासन को कर्मचारियों की हाजिरी के लिए रजिस्टर मेनटेंन करने की भी जरूरत नहीं रहेगी। सिस्टम में डेली अटेंडेंस के अलावा मंथली अटेंडेंस रिपोर्ट, लेट कमिंग एंड अर्ली गोइंग रिपोर्ट और ओवर टाइम रिपोर्ट दर्ज रहेगी। एक क्लिक से यह भी पता चल पाएगा कि कितने कर्मचारी मौजूद हैं।

यूनिवर्सिटी में हाजिरी के लिए बायोमीट्रिक सिस्टम लगाने की योनजा पर विचार हो रहा है। यूनिवर्सिटी में मल्टी एंट्री प्वाइंट होने के कारण ज्यादा सिस्टम लगाने पड़ेंगे।
डॉ. केआर धीमान, वीसी, नौणी यूनिवर्सिटी

नशेड़ी बच्चों पर रहेगी पुलिस की नजर

चोरी-छिपे नशा करने और इसका व्यापार करने वालों की अब खैर नहीं। पुलिस ने नशाखोरी के खिलाफ अभियान शुरू किया है। इस अभियान के पहले पुलिस ने सर्वे कर नशा करने के स्थान चिह्नित किए हैं।

ड्रग सप्लाई करने वालों पर भी पुलिस नजर रखे हुए है। एएसपी सोलन रमेश पठानिया ने वीरवार को यहा पत्रकारों से बातचीत में बताया कि सर्वे में पाया गया है कि दसवीं-ग्यारहवीं के बच्चे नशाखोरी की लत में फंस रहे हैं। गवर्नमेंट सीनियर सेेकंडरी स्कूल के पीछे शाम चार बजे के बाद स्कूल के कुछ पूर्व छात्र और अध्ययनरत छात्रों को साथ नशा करते हैं। उन्होंने कहा कि शहर के वीडियो पार्लर भी नशाखोरी के अड्डे बने हुए हैं। वीडियो पार्लरों की समय-समय पर चैकिंग हो रही है।

नशाखोरी के खिलाफ अभियान का नेतृत्व डीएसपी (प्रोबेशन) पुनीत रघु को सौंपा गया है। इसमें एक एएसआई, एसआईयू और थानों के कॉन्स्टेबल शामिल रहेंगे। स्कूलों के समीप सादे कपड़ों में पुलिस के जवान तैनात रहेंगे। उन्होंने कहा कि जवाहर पार्क में रात 9 बजे के बाद लड़के-लड़कियां मिलकर नशा करते हैं। पार्क में रोजाना चैकिंग की जाएगी और पकड़े जाने पर कार्रवाई की जाएगी। एएसपी ने स्कूली बच्चों के अभिभावकों से अपील की कि वे समय-समय पर स्कूल जाकर अपने बच्चे के बारे में जानकारी लेते रहें। इसके अलावा शहर की टै्रफिक व्यवस्था सुधारने के लिए भी अभियान शुरू किया गया है। वॉर्निंग स्लिप लगाने के बाद भी यदि कोई अपने वाहनों को नो पार्किंग जोन से नहीं हटाता तो उसे क्रेन से उठाया जाएगा। रोजाना शाम मालरोड पर दो पुलिसकर्मी तैनात किए जाएंगे। किसी भी तरह की समस्या के लिए एएसपी रमेश पठानिया को मोबाइल न. ९८१६१-६६६०० पर सम्पर्क किया जा सकता है।

मां के हत्यारों को कैद

शिमला. हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने सोलन जिले के सेरीग गांव के दो बेटों को मां की हत्या में दोषी करार देते हुए पांच-पांच साल की कैद और पांच-पांच हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई। न्यायाधीश आरबी मिश्रा और न्यायाधीश बीके आहुजा की खंडपीठ ने सत्र न्यायाधीश सोलन के फैसले को बदलते हुए 11 माह की सजा को पांच वर्ष में बदल दिया।

अभियोजन पक्ष के मुताबिक 30 मार्च, 1996 को पुलिस को मिली सूचना के मुताबिक एक महिला द्वारका देवी को अस्पताल लाया गया। महिला के शरीर में काफी चोटें आई थीं। 31 मार्च, 1996 को उसकी मृत्यु हो गई। पुलिस में जांच में पाया कि उसके दो बेटों सुशील कुमार व सुरेंद्र कुमार ने उसे लातों और घूसों से मारा। यह कुकृत्य करते दो चचेरी बहुओं परीक्षा व लज्जा के अलावा इंद्र सिंह ने भी देखा।

सत्र न्यायालय सोलन की अदालत में इन पर मुकदमा चलाया गया। अभियोजन पक्ष की ओर से 17 गवाह पेश किए गए। सत्र न्यायाधीश ने दोनों को दोषी करार देते हुए 11 माह की मुक्ति जेल की सजा देकर छोड़ दिया। सरकार ने 25 जुलाई, 1997 के सत्र न्यायाधीश के फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती देते हुए कहा कि 304 (11) में दी गई सजा बहुत कम है। मां को मारने पर दोषी किसी दया के पात्र नहीं हैं। उच्च न्यायालय ने निचली अदालत के आदेश बदलते हुए इस सजा को पांच साल बढ़ा दिया और साथ ही 5-5 हजार का जुर्माना भी किया।

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